Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!
Home / रमज़ान व ईद / ईद के दिन किसी की मौत हो जाये, और ईदगाह पर जनाज़ा रखा हो, तो पहले कौनसी नमाज़ पढ़ी जाएगी

ईद के दिन किसी की मौत हो जाये, और ईदगाह पर जनाज़ा रखा हो, तो पहले कौनसी नमाज़ पढ़ी जाएगी

ईदैन में नमाज़े जनाज़ा ।

अगर ईद और जनाज़ा की नमाज़ें जमा हो जाऐ तो पहले ईद की नमाज़ पढ़ी जाएगी, फिर जनाज़ा की नामज इसलिए कि ईद की नामज वाजिब ऐन है , यानी हर आकिल , बालिग , मुसलमान पर वाजिब है । और जनाज़ा की नमाज़ फर्ज़े किफ़ाया है कुछ लोगों के पढ़ने से सभों के ज़िम्मा से साकित हो जाती है । और जनाज़ा की नमाज़ ख़ुतब – ए – ईद और मगरिब वगैरा की सुन्नतों से पहले पढ़ी जाएगी , क्योंकि जनाज़ा की नमाज़ फर्ज़े किफ़ाया है और ईद का खुतबा और मगरिब की सुन्नतें मसनून हैं ।

मसअला : ईद की नमाज़ सूरज गहन की नमाज़ पर मुकद्दम होगी । ( अगर सूरज गहन ईद के दिन और ईद की नमाज़ के औकात में से हो जाए , उमूमन ऐसा हुआ नहीं करता है , इस वजह से कि सूरज गहन महीना के पूरे होने के बाद हुआ करता है और ईदैन इब्तिदाए माह में होती हैं ) ।

मसअला : लेकिन फतवा इस पर है कि नमाज़े जनाज़ा वक्ती नमाज़ों की सुन्नतों के बाद ही पढ़ी जाए । इसकी वजह ये है कि सुन्नतों को फ़र्ज़ नमाज़ों के साथ मुलहक़ करार दिया है कि फ़र्ज़ नमाज़ के ताबे हैं, लिहाज़ा फ़र्ज़ नमाज़ों के बाद सुन्नत पढ़े , फिर नमाज़े जनाज़ा । मुफ़्ता बिही कौल यही है ।

( दर्रेमुख्तार जिल्द 1 सफ्हा 786 )

मसाइले ईदैन व कुर्बानी सफा 75 ,76 )

About Islamic Villa

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *